विनोद सिर्वी @ धुलेट। ग्राम धुलेट के 12 किसानों द्वारा गेंदा फूल 3 जून को लगाए थे। गेंदा फूल के पौधे शिमलावदा (रतलाम) स्थित पटीदार हाईटेक नर्सरी से खरीदे गए अफसरा येलो (Afsara Yellow) किस्म के गेंदा फूल के पौधों में कथित गड़बड़ी की शिकायत के बाद उद्यान विभाग हरकत में आ गया है। किसानों द्वारा कुछ दिनों पूर्व सरदारपुर एसडीएम, राजगढ़ थाना एवं वरिष्ठ उद्यान अधिकारी को दिए गए आवेदन के आधार पर मंगलवार को वरिष्ठ उद्यान अधिकारी एवं उद्यान विभाग की टीम किसानों के खेतों पर पहुंची। अधिकारियों ने खेतों का निरीक्षण कर मौके पर ही पंचनामा तैयार किया तथा पूरे मामले की जांच शुरू कर दी।
किसानों ने आरोप लगाया है कि उन्होंने सिमलावद निवासी बंसीलाल पाटीदार की पाटीदार हाईटेक नर्सरी से 12 किसान द्वारा करीब 82 हजार अफसरा येलो किस्म के गेंदा पौधे खरीदे थे। किसानों का कहना है कि उन्हें जिस वैरायटी के पौधे दिए जाने का आश्वासन दिया गया था, उसके स्थान पर दूसरी किस्म के पौधे दे दिए गए, जिसके कारण पौधों में अपेक्षित प्रकार के फूल नहीं आ रहे हैं।
किसानों का यह भी कहना है कि गेंदा की खेती में उन्होंने लाखों रुपये खर्च किए हैं। पौधे तैयार होने के बाद खाद, दवाइयों, सिंचाई और मजदूरी पर लगातार खर्च किया गया, लेकिन जब फूल आने का समय आया तो पौधों में अलग किस्म के फूल दिखाई दिए। इससे किसानों की पूरी फसल प्रभावित हो गई और उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।

मंगलवार को खेतों में पहुंचे वरिष्ठ उद्यान अधिकारी एवं विभागीय अधिकारियों ने किसानों से पूरी जानकारी ली और प्रभावित खेतों का बारीकी से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पौधों की स्थिति, फूलों की किस्म तथा किसानों द्वारा लगाए गए आरोपों का अवलोकन किया गया। इसके बाद मौके पर पंचनामा बनाया।
किसानों ने अधिकारियों को बताया कि इस फसल से उन्हें अच्छी आय की उम्मीदद थी, लेकिन गलत वैरायटी के पौधे मिलने से उनकी मेहनत और पूंजी दोनों पर पानी फिर गया। किसानों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर पाटीदार हाईटेक नर्सरी के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए तथा किसानों को हुए आर्थिक नुकसान का उचित मुआवजा दिलाया जाए।
उद्यान विभाग के अधिकारियों ने किसानों को आश्वस्त किया कि मौके पर तैयार किए गए पंचनामे एवं जांच के आधार पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। अब क्षेत्र के किसानों की नजर प्रशासन द्वारा की जाने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई है। यदि जांच में शिकायत सही पाई जाती है, तो संबंधित नर्सरी संचालक के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ उद्यानिकी अधिकारी सरदारपुर सकाराम मुजाल्दा, उद्यानिकी अधिकारी पप्पू नरगेश, किसान अंतिम राठौर, गोविंद गहलोत, अमर सिंह काग, गोपाल हामड, दिनेश पाण्डेय , विष्णु चोयल, कमलेश काग, ईंदरमल हामड, कनालाल जमदारी, गोकुल चौधरी, आशु राठौर, गोमा लाल सोलंकी सहित अन्य किसान मौजूद रहें।


















