रिंगनोद। पुरानी दुश्मनी का बदला लेने के लिए दो युवकों ने ग्राम लिमड़ीपाड़ा स्थित एक महिला किसान के खेत में माचिस से आग लगा दी। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे उसके परिवार के अन्य सदस्यों की करीब 9 बीघा में खड़ी गेहूं की फसल पूरी तरह जलकर नष्ट हो गई। पुलिस ने जांच के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार रिंगनोद के तलाईपुरिया निवासी कमलाबाई पति शांतिलाल भाबर ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। घटना 7 मार्च की दोपहर करीब दो बजे की है, जब कमलाबाई अपने खेत में हार्वेस्टर से गेहूं की कटाई करवा रही थी। उसी दौरान गाँव के ही अमृत पिता टिहिया भूरिया और विक्रम पिता अमृत भूरिया मोटरसाइकिल से वहां पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अमृत ने मोटरसाइकिल से उतरकर जानबूझकर खेत में माचिस से आग लगा दी और फिर दोनों मौके से फरार हो गए।
तीन परिवारों का भारी नुकसान –
तेज हवा के कारण सूखी फसल में आग तेजी से फैली। कमलाबाई के खेत से लगी उनके जेठ रमेश भाबर और देवर दादूलाल भाबर की फसल भी आग की चपेट में आ गई। ग्रामीणों पुलिस और फायर ब्रिगेड ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक करीब 9 बीघा जमीन में खड़ी पकी हुई गेहूं की फसल पूरी तरह खाक हो चुकी थी।
पुरानी रंजिश में लगाई आग –
पीड़िता कमलाबाई ने बताया कि आरोपियों से उनका पुराना झगड़ा चल रहा है। करीब दो महीने पहले भी आरोपियों ने उन्हें धमकी दी थी कि गेहूं काटकर देख लेना, किसी दिन फसल जला देंगे। इससे पूर्व भी आरोपियों द्वारा खेत का स्टार्टर तोड़कर नुकसान पहुँचाया गया था।
पुलिस ने दोनों पर दर्ज किया प्रकरण –
पुलिस ने साक्षियों सुरेशचंद्र और रामकन्या के बयान दर्ज किए। जांच में आरोप सही पाए जाने पर आरोपी विक्रम भूरिया और अमृत भूरिया के खिलाफ केस दर्ज किया गया है, दाेनों आरोपी अभी फरार है जिनकी तलाश की जा रही है।
रिंगनोद चौकी प्रभारी जीएस भयडिया ने बताया कि जांच के दौरान घटना स्थल का निरीक्षण और गवाहों के कथन लिए गए हैं। आरोपियों ने बदले के भाव से फसल को नुकसान पहुँचाया है। मामले में एफआईआर दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है।


















