राजगढ़। नगर के वार्ड क्रमांक 5 स्थित राजेंद्र कॉलोनी में पिछले करीब दो दशकों से जल निकासी की समस्या से जूझ रहे रहवासियों को शुक्रवार को बड़ी राहत मिली। नगर परिषद द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए अस्थायी समाधान किया गया, जिससे क्षेत्र में पानी की निकासी सुचारू रूप से शुरू हो गई है।
स्थायी नाली निर्माण के लिए नगर परिषद की सभा में प्रस्ताव को स्वीकृति मिल चुकी है और इसे शासन स्तर पर भेज दिया गया है। इससे आगामी महीनों में समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद जताई जा रही हैं।
शुक्रवार को नगर परिषद की टीम ने अनूप सोनी के मकान से लेकर शांतिलाल कनेरिया के घर तक लंबे समय से बनी जल निकासी की समस्या को दूर करने के लिए कार्रवाई की। इस मुद्दे को लेकर रहवासियों ने पूर्व में विधायक प्रताप ग्रेवाल को अवगत कराया था। विधायक ने मामले को गंभीरता से लेते हुए नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि महेश जायसवाल, उपाध्यक्ष दीपक जैन एवं सीएमओ संतोष चौहान को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए थे।
नगर परिषद के अमले ने करीब पांच घंटे तक लगातार अभियान चलाते हुए जेसीबी मशीन की सहायता से मार्ग में हुए अतिक्रमण को हटाया और पानी की निकासी का रास्ता साफ किया।
उल्लेखनीय है कि राजेंद्र कॉलोनी को शासन के नियमों के तहत अवैध से वैध किया जा चुका है। लंबे समय से जल निकासी नहीं होने के कारण क्षेत्र में गंदगी फैल रही थी और मच्छरों की भरमार से रहवासियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। कई बार शिकायतों के बावजूद समाधान नहीं होने से लोगों में नाराजगी थी, लेकिन अब अस्थायी व्यवस्था से स्थिति में सुधार आया है और लोगों ने राहत की सांस ली है।

प्लॉट मालिक ने दिया सराहनीय सहयोग –
इस कार्य को सफल बनाने में प्लॉट मालिक आशीष चत्तर का विशेष योगदान रहा। उन्होंने जनहित को प्राथमिकता देते हुए अपने प्लॉट की लगभग 8 इंच मोटी और 70 फीट लंबी बाउंड्री वॉल को तोड़ने की अनुमति दी, जिससे जल निकासी का मार्ग सुगम हो सका। उनके इस सहयोग के लिए नगर परिषद द्वारा शाल-श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया गया।
इस दौरान अध्यक्ष प्रतिनिधि महेश जायसवाल, उपाध्यक्ष दीपक जैन, पार्षद प्रतिनिधि निलेश सिंगार, प्रवीण जैन, नितेश फर्शीवाला, प्रताप सिंह सिसोदिया, शांतिलाल कनेरिया, परमानंद परमार, पुनीत भंडारी, देवेंद्र मालवीया, प्रवीण झुंझे सहित बड़ी संख्या में रहवासी एवं नगर परिषद के कर्मचारी उपस्थित रहे। समाजसेवी आशीष चत्तर ने कहा कि वे नगर के विकास कार्यों में हमेशा सहयोग के लिए तत्पर रहेंगे। इसी भावना से उन्होंने अपनी बाउंड्री वॉल हटाने की अनुमति दी, ताकि रहवासियों को राहत मिल सके और समस्या का समाधान संभव हो सके।


















